प्रथम दिन (शैलपुत्री): देवी की आराधना करें और विशेष रूप से पीपल के पेड़ को जल दें।
घर में नीले रंग के वस्त्र पहनें और हवन करें।
नवरात्रि के दिनों में देवी दुर्गा के विभिन्न रूपों की पूजा की जाती है।प्रथम दिन का अपना विशेष महत्व और पूजा विधि होती है। यहाँ पर प्रथम दिन की पूजा विधि का वर्णन किया गया है:
पूजा विधि:
सुबह स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र पहनें।
मिट्टी की एक प्रतिमा या तस्वीर का पूजन करें।
देवी को शुद्ध घी, कुमकुम, और फूल अर्पित करें।
मंत्र: "ॐ ह्रीं शिवायै नमः" का जप करें।
नैवेद्य: शुद्ध घी का भोग लगाएं।
सामान्य पूजा विधि
दीपक: प्रत्येक दिन देवी के समक्ष दीप जलाना न भूलें।
आरती: पूजा के अंत में देवी की आरती करें और मनोकामनाएं प्रकट करें।
प्रसाद वितरण: पूजा के बाद प्रसाद को परिवार और मित्रों में बांटें।
इन विधियों का पालन करने से आप देवी माँ की कृपा प्राप्त कर सकते हैं और अपने जीवन में सुख-समृद्धि का अनुभव कर सकते हैं। जय माता दी!